आलू का अगेती झुलसा

आलू का अगेती झुलसा अल्टरनेरिया सोलानी कवक के कारण होता है। यह रोग पत्तियों और कंदों दोनों को प्रभावित करता है और 30-50% तक उपज हानि का कारण बनता है।

रोग के लक्षण

  • पुरानी पत्तियों पर छोटे भूरे धब्बे
  • धब्बों पर संकेंद्रित वृत्त (निशाना जैसा)
  • पत्तियों का पीला पड़ना और झड़ना
  • कंदों पर गहरे धंसे हुए धब्बे
  • पौधों की बढ़वार रुकना

रोग के कारण

  • गर्म और शुष्क मौसम (25-30°C)
  • बारी-बारी से गीला और सूखा मौसम
  • पोटैशियम की कमी
  • संक्रमित बीज कंद
  • खेत में पुराने फसल अवशेष

उपचार के तरीके

  • मैकोज़ेब 75% WP @ 2.5 ग्राम प्रति लीटर
  • क्लोरोथैलोनिल का छिड़काव
  • एज़ोक्सिस्ट्रोबिन का प्रयोग
  • 7-10 दिनों के अंतराल पर छिड़काव दोहराएं
  • संक्रमित पत्तियों को हटाएं

रोकथाम के उपाय

  • रोग मुक्त बीज कंदों का उपयोग
  • बीज उपचार: मैंकोज़ेब @ 3 ग्राम/लीटर में डुबोएं
  • फसल चक्र अपनाएं (3-4 वर्ष)
  • संतुलित उर्वरक (विशेषकर पोटैशियम)
  • उचित सिंचाई प्रबंधन
  • खेत को साफ रखें
  • उन्नत प्रतिरोधी किस्मों का चयन

2 thoughts on “आलू का अगेती झुलसा”

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